कम उम्र में बाल सफेद होने के कारण क्या हैं? जानिए 8 संभावित वजहें और बचाव के तरीके
कम उम्र में बालों का सफेद होना आजकल कई लोगों के लिए चिंता का विषय बन गया है। पहले जहां सफेद बालों को उम्र बढ़ने से जोड़कर देखा जाता था, वहीं अब किशोरावस्था और युवावस्था में भी कई लोगों के बाल सफेद दिखाई देने लगे हैं। हालांकि, हर व्यक्ति में इसके पीछे एक ही कारण नहीं होता। कई बार यह आनुवंशिक होता है, तो कभी शरीर में पोषक तत्वों की कमी, कुछ स्वास्थ्य संबंधी स्थितियों या जीवनशैली से जुड़ा हो सकता है।
बालों का रंग मेलानिन नामक पिगमेंट से बनता है। जब बालों के रोमछिद्रों में मेलानिन का उत्पादन कम होने लगता है, तो नए उगने वाले बाल धीरे-धीरे भूरे या सफेद दिखाई दे सकते हैं।
आइए जानते हैं कम उम्र में बाल सफेद होने के कुछ संभावित कारण।
1. आनुवंशिक कारण सबसे बड़ी वजह हो सकता है
अगर परिवार में माता-पिता या अन्य करीबी रिश्तेदारों के बाल कम उम्र में सफेद हुए हैं, तो इसका असर अगली पीढ़ी में भी दिखाई दे सकता है। कुछ लोगों में बालों का सफेद होना उनकी आनुवंशिक संरचना से जुड़ा होता है।
ऐसे मामलों में केवल तेल, शैंपू या घरेलू नुस्खों से बालों का प्राकृतिक रंग वापस आना संभव नहीं होता। इसलिए परिवार में कम उम्र में बाल सफेद होने का इतिहास भी एक महत्वपूर्ण संकेत हो सकता है।
2. शरीर में पोषक तत्वों की कमी
शरीर को स्वस्थ बालों के लिए कई पोषक तत्वों की जरूरत होती है। Vitamin B12, iron, folate, vitamin D और कुछ अन्य पोषक तत्वों की कमी बालों की सेहत को प्रभावित कर सकती है।
हालांकि, हर व्यक्ति में सफेद बालों का कारण पोषण की कमी ही हो, यह जरूरी नहीं है। यदि कम उम्र में अचानक तेजी से बाल सफेद हो रहे हैं, तो डॉक्टर की सलाह से उचित जांच कराना बेहतर हो सकता है।
3. लगातार तनाव और खराब नींद
लंबे समय तक बना रहने वाला तनाव शरीर पर कई तरह से असर डाल सकता है। तनाव और बालों के जल्दी सफेद होने के बीच संभावित संबंध पर शोध जारी है, लेकिन लगातार तनाव को स्वस्थ जीवनशैली का हिस्सा नहीं माना जाता।
देर रात तक जागना, पर्याप्त नींद न लेना और लगातार मानसिक दबाव भी शरीर की सामान्य कार्यप्रणाली को प्रभावित कर सकते हैं।
4. धूम्रपान और तंबाकू का सेवन
धूम्रपान और तंबाकू शरीर के लिए कई तरह से नुकसानदायक माने जाते हैं। कुछ शोधों में धूम्रपान और समय से पहले बाल सफेद होने के बीच संबंध पाया गया है।
यदि कोई व्यक्ति धूम्रपान करता है, तो इसे छोड़ना केवल बालों के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद हो सकता है।
5. थायरॉयड और अन्य स्वास्थ्य स्थितियां
कुछ मामलों में बालों में समय से पहले बदलाव किसी स्वास्थ्य समस्या से जुड़ा हो सकता है। थायरॉयड से संबंधित समस्याएं और कुछ ऑटोइम्यून स्थितियां बालों के रंग और विकास को प्रभावित कर सकती हैं।
अगर बाल अचानक बहुत तेजी से सफेद हो रहे हों या इसके साथ बाल झड़ना, कमजोरी, वजन में असामान्य बदलाव जैसे अन्य लक्षण भी दिखाई दें, तो डॉक्टर से सलाह लेना उचित है।
6. ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस का संभावित प्रभाव
हमारे शरीर में कुछ प्रक्रियाओं के दौरान ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस पैदा होता है। शरीर में इसके संतुलन को बनाए रखने में खान-पान और जीवनशैली की भूमिका हो सकती है।
फल, सब्जियां, दालें, साबुत अनाज, मेवे और अन्य पौष्टिक खाद्य पदार्थों से भरपूर संतुलित आहार शरीर के लिए उपयोगी होता है। केवल किसी एक खाद्य पदार्थ को खाने से सफेद बालों का इलाज होने का दावा वैज्ञानिक रूप से उचित नहीं है।
7. बहुत ज्यादा केमिकल ट्रीटमेंट
बार-बार हेयर कलर, ब्लीचिंग और कुछ कठोर केमिकल ट्रीटमेंट बालों को नुकसान पहुंचा सकते हैं। हालांकि, केवल हेयर डाई लगाने से बालों की जड़ से सफेद होने का कारण आमतौर पर स्पष्ट नहीं होता।
बालों पर इस्तेमाल होने वाले उत्पादों को चुनते समय उनकी सामग्री पर ध्यान देना और किसी भी उत्पाद से जलन या एलर्जी होने पर उसका इस्तेमाल बंद करना जरूरी है।
8. कुछ मामलों में कारण स्पष्ट नहीं होता
कई बार किसी व्यक्ति के बाल कम उम्र में सफेद होने के बावजूद कोई स्पष्ट पोषण संबंधी कमी या स्वास्थ्य समस्या नहीं मिलती। ऐसी स्थिति में आनुवंशिक कारण या व्यक्तिगत जैविक अंतर इसकी वजह हो सकते हैं।
इसलिए इंटरनेट पर मौजूद हर घरेलू नुस्खे या सप्लीमेंट को बिना सलाह के आजमाना सही नहीं है।
क्या सफेद बालों को फिर से काला किया जा सकता है?
यह पूरी तरह कारण पर निर्भर करता है। यदि सफेद बाल किसी विशेष पोषण की कमी या स्वास्थ्य समस्या से जुड़े हैं, तो उस समस्या का इलाज करने से आगे बालों के सफेद होने की प्रक्रिया पर असर पड़ सकता है। लेकिन एक बार सफेद हो चुके बालों का प्राकृतिक रंग हर व्यक्ति में वापस आए, यह जरूरी नहीं है।
बालों को काला करने के लिए किसी भी दवा या सप्लीमेंट का इस्तेमाल डॉक्टर की सलाह के बिना नहीं करना चाहिए।
बालों की सेहत के लिए क्या करें?
संतुलित और पौष्टिक आहार लें।
पर्याप्त नींद लेने की कोशिश करें।
लंबे समय तक रहने वाले तनाव को कम करने के स्वस्थ तरीके अपनाएं।
धूम्रपान और तंबाकू से बचें।
बिना सलाह के सप्लीमेंट न लें।
बहुत ज्यादा केमिकल ट्रीटमेंट से बचें।
बाल अचानक तेजी से सफेद हों तो डॉक्टर या त्वचा विशेषज्ञ से सलाह लें।
निष्कर्ष
कम उम्र में बाल सफेद होने के पीछे आनुवंशिक कारण, पोषण संबंधी कमी, कुछ स्वास्थ्य स्थितियां और जीवनशैली से जुड़े कई कारक हो सकते हैं। हर व्यक्ति में इसका कारण अलग हो सकता है। इसलिए केवल किसी एक घरेलू नुस्खे को इसका समाधान मानने के बजाय सही कारण को समझना अधिक जरूरी है।
अगर बाल अचानक तेजी से सफेद हो रहे हैं या इसके साथ अन्य लक्षण भी हैं, तो विशेषज्ञ से सलाह लेना सबसे बेहतर कदम है।
Disclaimer: यह लेख सामान्य स्वास्थ्य जानकारी के लिए है। यह किसी व्यक्ति का व्यक्तिगत चिकित्सकीय निदान या उपचार नहीं है।
Writter: NEWSGALI
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